Polythene पर बैन क्यों लगाया गया है? पॉलीथिन यूज़ पर जुर्माना कितना है?

Polythene

Polythene Ban : तो दोस्तों प्लास्टिक और पॉलीथिन के खिलाफ शुरू किये गए अभियान के तहत अब प्लास्टिक की वस्तुओ का निर्माण, आयात, भंडार, बिक्री और उपयोग हर चीज पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। Polythene पर बैन क्यों लगाया गया है? पॉलीथिन यूज़ पर जुर्माना कितना है? जो की 1 जुलाई से पूरी तरह से लागू हो गया है और फिर भी कोई सरकार की बात नहीं मानता तो उसके खिलाफ सख्त कार्यवाही होगी।

हमारे देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र दामोदरदास मोदी जी ने चार साल पहले सिंगल यूज़ प्लास्टिक के यूज़ को ख़तम करने की शपथ ली थी। और उसके बाद अब 1 July से देश में इस दिशा में पहला कदम उठाया गया है। और इन प्रतिबंध वस्तुओं में प्लास्टिक के बर्तन ( प्लेट, चम्मच आदि ), प्लास्टिक फिल्म, सिगरेट के पैकेट आदि इस्तेमाल होने वाला थर्माकोल शामिल है।

पॉलिथीन क्या है? Polythene kya hai?

Polythene, पोलीएथिलीन या PE( IUPAC Name ) ये सबसे महंगा और सबसे अधिक उपयोग किये जाने वाला प्लास्टिक है। वर्तमान में इसका वैश्विक उत्पाद 7 करोड़ टन है। इसका सबसे ज्यादा उपयोग या मुख्य उपयोग पैकेजिंग बनाने में होता है। पोलिएथलीन एक बहुलक है यह एथिलीन के Atom द्वारा बनता है। यह एक बहुउपयोगी पदार्थ है।

पॉलिथीन पर बैन क्यों लगा? Polythene par ban kyo laga?

केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ( Central Pollution Control Board ) के एक सर्वे द्वारा बताया गया है की अपने देश में हर दिन 27 हजार तन प्लास्टिक का कचरा निकलता है और जिसमे से केवल 60% को इकठ्ठा किया जाता है। और बाकि का कचरा या तो सड़को पर पड़ा रहता है  फिर नाली, नालों में पड़ा रहता है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के मुताबिक भर में हर साल 2.5 लाख टन सिंगल यूज़ प्लास्टिक पैदा की जाती है इसके मुताबिक भारत के हर व्यक्ति हर साल 18 ग्राम सिंगल यूज़ प्लास्टिक कचरा पैदा करता हैं।

सन 2017 में फेडरेशन ऑफ़ इंडियन चेम्बर्स ऑफ़ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (FICCI)की रिपोर्ट आयी थी। इस रिपोर्ट में बताया गया था की एक भारतीय व्यक्ति हर साल 10 किलो से ज्यादा प्लास्टिक का इस्तेमाल करता है।

सिंगल यूज़ प्लास्टिक क्या है? Single use plastic kya hai? 

दोस्तों सिंगल यूज़ प्लास्टिक की वैसे तो कोई परिभाषा नहीं है लेकिन ये इस प्रकार का प्लास्टिक होता है जो की सिर्फ एक बार इस्तेमाल किया जाता है और फिर उसके बाद फेंक दिया जाया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ( CPCB ) ने सिंगल यूज़ प्लास्टिक का इस्तेमाल करें वालों के लिए जुर्मना भी निर्धारित किया है। अगर सिंगल यूज़ प्लास्टिक का इस्तेमाल करते हुए पहली बार कोई पकड़ा गया तोउस पर 500 रुपए का जुर्माना देना पड़ेगा और दूसरी बार पकड़े जाने पर 1000 और तीसरी बार पकडे जाने पर 2000 का जुर्मना लगया जाएगा। जूस और डेरी प्रोडक्ट्स के साथ जो स्ट्रॉस दिए जाते हैं उन्हें भी बैन किया गया है और इनकी जगह पर पेपर स्त्रो का इस्तेमाल करने की बात कही जा रही है

प्लास्टिक की किन-किन चीजों पर लगा है बैन? Plastic ki kin-kin chijo par laga hai ban?

  1. प्लास्टिक के झंडे
  2. गुबारों के लिए प्लास्टिक स्टिक्स
  3. कैंडी स्टिक
  4. प्लास्टिक स्टिक वाले ईयर बड्स
  5. थर्माकोल
  6. प्लास्टिक कप
  7. प्लास्टिक की प्लेट
  8. आइसक्रीम स्टिक
  9. प्लास्टिक चम्मच
  10. प्लास्टिक फोर्क
  11. प्लास्टिक गिलास
  12. प्लास्टिक चाकू
  13. प्लास्टिक ट्रे
  14. प्लास्टिक स्ट्रॉ
  15. मिठाई के डिब्बों को पैक करने वाली पन्निया
  16. सिगरेट के पैकेट
यह भी जरूर पढ़ें:-

प्लास्टिक कितनी खतरनाक है? Plastic kitni khatarnaak hai?

दोस्तों सिंगल यूज़ प्लास्टिक हमारे पर्यावरण के लिए बहुत ही खतरनाक है। क्योकि ऐसी प्लास्टिक न तो डिकम्पोस होती है और न ही जलाये जा सकते है। प्लास्टिक के टुकड़े पर्यावरण में खतरनाक और जहरीले रसायन छोड़ते है जो जानवरो और इंसानो के लिए बहुत ही खतरनाक होते हैं। इसके अलावा सिंगल यूज़ प्लास्टिक का कचरा बरसात के पानी को जमीन में जाने से भी रोकता है जिसके कारण Ground Water Level में भी कमी आती हैं।

क्या अभी प्लास्टिक आइटम्स बैन होंगे? Kya abhi plastic item ban honge?

हमारे देश में दोस्तों पहले से ही 50 माइक्रोन से काम मोटाई के प्लास्टिक को बेचने, बनाने और स्टोर करने पर प्रतिबंध है। और 30 September से 75 माइक्रोन से काम मोटाई वाले प्लास्टिक पर प्रतिबंध लगा दिया गया था। अब सिंगल यूज़ प्लास्टिक से बने बहुत से आइटम्स पर प्रतिबंध लगा दिया गया है। और यही नहीं इसी साल भारत सरकार ने 28 मार्च को 120 माइक्रोन से काम मोटाई वाले प्लास्टिक केरी बेगों पर भी प्रतिबन्ध लगाया जा सकता है।

प्लास्टिक घर पर इस्तेमाल किया तो? Plastic ghar par istemaal kiya to?

जिन भी चीजों पर रोक या बैन लगा है अगर हम उन चीजों को इस्तेमाल करते हुए पाए गए तो इस पर जुर्माना और सजा का प्रावधान किया गया है। केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड ( CPCB ) का कहना है की अगर किसी के घर से सिंगल यूज़ प्लास्टिक का कचरा निकलता है तो उस पर भी 500 रूपये का जुर्माना लगेगा। वहीँ अगर कोई संसथान या कम्पनी कचरा फैलती है तो उस पर 5000 रुपए का जुर्मना लगेगा।

पर्यावरण मंत्रालय के अधिकारिओं ने न्यूज़ एजेंसी को बताया है की सिंगल यूज़ प्लास्टिक से बने 18 आइटम्स से भी ज्यादा पर बैन लगा दिया गया है। और अगर कोई भी इन चीजों का इस्तेमाल करता है तो उसे एक्ट की धारा 15 के तहत जुर्माना और जेल या दो दिन की सजा हो सकती है। और धारा 15 के तहत सात साल की कैद और एक लाख रुपए तक का जुर्माने का प्रावधान है।

पॉलिथीन यूज़ पर जुर्माना – Polythene use par jurmana 

दोस्तों जैसा की आपको पता है की पॉलीथिन का उपयोग 1 July से ही नहीं किया जा रहा है। यह प्रतिबंध 19 तरह की Single Plastic पर लगाया गया है। और अगर कोई भी इन्हें इस्तेमाल करते हुए पाया गया तो उस पर 25 हजार रूपये तक का जुर्माना लगेगा। प्रतिबंध को लेकर नगर निगम प्रशासन ने जागरूकता अभियान भी चलाया गया।

इतना लगेगा जुर्माना –

100 gm पॉलीथिन मिलने पर 1000 रुपए, 101 gm से 500 gm तक मिलने पर 2000 रुपए, 501 gm से 1 kg तक मिलने पर 5000 रूपये, 1 kg से 5 kg मिलने पर 10,000 रुपए और 5 kg से अधिक मिलने पर 25 हजार रुपए।

प्रतिबंधित आइटम्स – Pratibandhit items

  1. ईयर-बड़ की प्लास्टिक की डंडी, बैलून की प्लास्टिक की डंडी, प्लास्टिक झंडी, कैंडी में लगी प्लास्टिक की डंडी, आइसक्रीम की डंडी, थर्माकोल (पोलिस्टाइरीन) का सजावट में उपयोग।
  2. प्लास्टिक/थर्माकोल की प्लेट, कप, गिलास, कटलरी का सामान जैसे – काँटा, चम्मच, छुरी, स्ट्रा, ट्रे, मिठाई के डिब्बे पर लगाने हेतु पतले प्लास्टिक के शीट, सिगरेट के पैकेट, बैनर इत्यादि।

प्लास्टिक प्रदूषण को कैसे रोकें – Plastic pradusan ko kasie roke 

⇒ अन्य विकल्पों को अपनाकर/उपयोग न करके

प्लास्टिक के प्रदूषण को रोकने का सबसे अच्छा और महत्वपूर्ण उपाय यह है की सबसे पहले हमें इसके उपयोग से बचना चाहिए। क्योकि अब हम प्लास्टिक के उपयोग के आदि हो चुके हैं इसलिए अब हम इसके इस्तेमाल को पूरी तरह बंद नहीं कर सकते लेकिन हम इस प्लास्टिक के उपयोग को काम कर सकतें है

⇒ पुनरुपयोग 

दोस्तों यदि आप प्लास्टिक के बैगों और प्लास्टिक से बने अन्य वस्तुओ का उपयोग बंद नहीं कर सकते तो कम से कम उन्हें फेंकने से पहले जितनी बार भी उसका दोबारा उपयोग कर सकते हो कर लें। इस प्रकार हम प्लास्टिक कचरे को कम करने में और इसके प्रदूषण की रोकथाम में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका अदा कर सकतें हैं।

Conclusion

तो दोस्तों आशा करता हु की आपको हमारा आर्टिकल ‘Polythene पर बैन क्यों लगाया गया है? पॉलीथिन यूज़ पर जुर्माना कितना है?’ पसंद आया होगा अगर यह आर्टिकल आपको पसंद आया हो तो आप इस आर्टिकल को अपने दोस्तों और रिश्तेदारों को भी शेयर कर सकतें हैं जिससे की आपकी दोस्तों और रिश्तेदार प्लास्टिक और पॉलीथिन का कम से कम इस्तेमाल करें और पर्यावरण को बचाने में सहयोग करें। दोस्तों आपको अगर हमारे आर्टिकल से अच्छी जानकारी प्राप्त हुई हो तो आप हमें Comment करके जरूर बता सकते हो। Thank You.

 

 

 

 

1 Comment

Leave a Reply

Your email address will not be published.